ग्वालियर। मध्य प्रदेश के परिवहन विभाग ने माना हैं कि बसों औऱ यात्री वाहनो में ओवर लोडिंग दुर्घटना का एक मुख्य कारण है। इसको लेकर प्रदेशभर में संचालित हो रही यात्री बसों एवं अन्य यात्री वाहनो में क्षमता से अधिक सवारियों के परिवहन के विरुद्ध विभाग लगातार चेकिंग कर रहा है। इस चेकिंग अभियान में 17 फ़रवरी से 24 मार्च तक लगभग 22 हजार 718 यात्री बसो को चेक किया गया। जिसमें से 131 बसे बिना वैध परमिट मिली इसके साथ ही 878 बसे ओवरलोड मिली हैं। वही 68 बस बिना बीमा के संचालित हो रही थी और 64 बसों पर फ़िट्नेस में कमी के कारण कार्रवाई की गई हैं।
प्रदेश के सभी जिले में परिवहन अधिकारियों द्वारा बस मालिकों एवं संचालको की बैठक लेकर उन्हें ओवर लोडिंग ना करने की हिदायत दी गयी है। इसके साथ ही साथ विभिन्न स्थानो पर जाकर ओवर लोडिंग की चेकिंग कर नियंत्रित करने का प्रयास भी किया जा रहा है।
इसके साथ ही विभाग ने यात्री वाहनो में ओवर लोडिंग को रोकने के लिए व्हाट्सएप्प नम्बर 9479925233, 9479925245 जारी किया हैं। इन नंबरों पर सामान्य जन किसी भी ओवर लोड यात्री वाहन का फ़ोटो/विडीओ भेज सकते है। जिसमें वाहन का नम्बर तथा ओवरलोडिंग स्पष्ट प्रदर्शित होना चाहिए। ऐसे वाहन के चलने का समय तथा रूट भी व्हाट्सएप्प पर भेजना होगा। जिससे नजदीकी चेकपोस्ट एवं कार्यालय पर बस के पहुंचते ही समय पर कार्रवाई की जा सके। इसके लिए विभाग ने सुबह 8 बजे से रात्रि 9 बजे तक का समय भी रखा हैं।
दरअसल मध्यप्रदेश में लगातार घटना होने के चलते और ओवरलोडिंग परिवहन की शिकायत विभाग को लगातार मिल रही हैं। जिसे देखते हुए परिवहन विभाग भी 1 माह से लगातार चेकिंग कर रहा है। इसको लेकर जगह-जगह अभियान भी चलाए जा रहे हैं। जिसको लेकर आज विभाग ने व्हाट्सएप नंबर जारी कर परिवहन रोकने का बड़ा प्रयास किया है।