गांव के टूटे मकानों को दुबारा बनाने के लिए 1.5 से 2 लाख तक की राशि दी जाएगी – नरोत्तम मिश्रा

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By Sharma Published On: September 9, 2020
Narottam Mishra

मध्यप्रदेश। मध्यप्रदेश में कोरोना जांच फ्री होगी। मंगलवार को हुई शिवराज कैबिनेट की बैठक ये अहम फैसला किया गया। सरकार ने तय किया है कि कोरोना के जितने भी टेस्ट होंगे, वह नि:शुल्क होंगे। भले ही इसके लिए फीवर क्लीनिक की संख्या बढ़ानी पड़े। इसके लिए किसी को कोई फीस नहीं देनी होगी। गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा ने कैबिनेट में लिए गए निर्णयों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि अस्पतालों में 1700 ऑक्सीजन  बेड और 564 से अधिक आईसीयू के बेड बढ़ाए जाएंगे। प्रदेश के अस्पतालों में ऑक्सीजन  बेड की संख्या अब बढ़कर 11 हजार 700 और आईसीयू की बेड संख्या 2388 हो जाएगी।

प्रदेश के अस्पतालों में जो बेड बढ़ाए जाएंगे, उसमें जबलपुर और ग्वालियर को भी चिन्हित किया गया है। आम सहमति से बेड बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। हमारे पास 3 जनरल बेड हमारे पास हैं, इसलिए आपाधापी की बात नहीं है। इधर,सीहोर जिले के बाढ़ प्रभावित गांवों में पहुंचे सीएम शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रभावितों को सरकार की ओर से बाढ़ से हुए नुकसान की पूरी भरपाई की जाएगी। नष्ट हुई फसलों की बीमा राशि एवं मुआवजा मिलेगा।

टूटे हुए मकानों को दोबारा बनवाया जाएगा तथा अनाज, घरेलू सामान आदि के नुकसान की भी आरबीसी 6/4 के प्रावधानों अनुसार भरपाई की जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्राम जहाजपुर में 50 तथा आंवलीघाट, बारना, नेहलाई, मट्ठागांव में 90 घर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इन्हें दोबारा बनाने के लिए प्रति घर लगभग 1.5 लाख से 02 लाख रूपए की सहायता राशि दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रत्येक बाढ़ प्रभावित को 50-50 किलो नि:शुल्कगेहूं उपलब्ध कराया जाएगा। इसके अलावा 5-5 किलो खाद्यान्न नवंबर माह तक नि:शुल्क मिलेगा। खाद्यान्न सुरक्षा योजना का 01 रुपए किलो की दर पर 5-5 किलो प्रति व्यक्ति उचित मूल्य राशन भी हर गरीब को उपलब्ध कराया जाएगा।