गुरुवार देर रात एलन मस्क की कंपनी Starlink की सैटेलाइट ब्रॉडबैंड सेवा में अचानक एक तकनीकी गड़बड़ी आ गई। इसका असर सीधे तौर पर 140 देशों में फैल चुके लाखों यूजर्स पर पड़ा। करीब 2.5 घंटे तक इंटरनेट सेवा पूरी तरह ठप रही। हालांकि कुछ समय बाद सेवा बहाल कर दी गई लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था।
एलन मस्क ने मांगी माफी
सेवा बहाल होते ही एलन मस्क ने खुद ट्विटर (अब X) पर आकर यूजर्स से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि इस तरह की गलती दोबारा नहीं होगी और तकनीकी टीम को पहले से बेहतर अलर्ट रहने को कहा गया है। इस तरह की गड़बड़ी स्टारलिंक जैसी उन्नत सेवा में होना एक दुर्लभ मामला है क्योंकि सैटेलाइट इंटरनेट को सबसे भरोसेमंद सेवाओं में गिना जाता है।
अमेरिका और यूरोप में सबसे ज्यादा असर
इस आउटेज से सबसे ज्यादा प्रभावित अमेरिका और यूरोप के यूजर्स हुए। स्टारलिंक की आंतरिक सॉफ्टवेयर में गड़बड़ी के कारण यह समस्या आई। डाउनडिटेक्टर पर 61 हजार से ज्यादा यूजर्स ने इस समस्या की रिपोर्ट की। इससे साबित होता है कि तकनीकी खराबी कितनी बड़ी थी।
Service will be restored shortly.
Sorry for the outage.
SpaceX will remedy root cause to ensure it doesn’t happen again. https://t.co/q1bsTVtMZ7
— Elon Musk (@elonmusk) July 24, 2025
सेना के ऑपरेशन भी पड़े प्रभावित
स्टारलिंक की सेवा का इस्तेमाल यूक्रेन जैसे देशों की सेना भी कर रही है। रूस से युद्ध कर रहे यूक्रेन का सारा सैन्य संचार स्टारलिंक सैटेलाइट्स पर निर्भर करता है। यूक्रेन के ड्रोन यूनिट कमांडर रॉबर्ट ब्रॉडी ने बताया कि इस आउटेज के कारण सेना के कई महत्वपूर्ण ऑपरेशन्स प्रभावित हुए। यह दिखाता है कि तकनीकी समस्या सिर्फ आम लोगों को नहीं बल्कि देशों की सुरक्षा को भी प्रभावित कर सकती है।
बिजनेस को भी लग सकता है झटका
स्टारलिंक को स्पेसएक्स ने साल 2020 में लॉन्च किया था और अब तक इसके 8 हजार से ज्यादा LEO सैटेलाइट्स धरती की निचली कक्षा में घूम रहे हैं। इन्हीं के जरिए हाई-स्पीड इंटरनेट सेवा दी जाती है। लेकिन इस तरह की आउटेज से कंपनी की साख और बिजनेस दोनों पर असर पड़ सकता है। इससे पहले 2023 में जब क्राउडस्ट्राइक के साइबर सिक्योरिटी सॉफ्टवेयर में खराबी आई थी तो लाखों विंडोज डिवाइस ठप हो गई थीं और लोगों ने अपनी मेंबरशिप कैंसिल कर दी थी। स्टारलिंक के लिए भी यही खतरा बन सकता है।


