MP News: ग्वालियर शहर में बुधवार की सुबह एक दिल दहला देने वाली वारदात हुई जब एक शराब व्यापारी के अकाउंटेंट अशाराम कुशवाहा को तीन बदमाशों ने दिनदहाड़े लूट लिया। यह वारदात बहोड़ापुर थाना क्षेत्र स्थित कोटेश्वर मंदिर के पास हुई। अकाउंटेंट बैंक में पैसे जमा कराने जा रहे थे जब दो अपाचे बाइकों पर सवार बदमाशों ने उन्हें घेर लिया और बंदूक की नोक पर 32 लाख रुपये से भरा बैग लूट लिया।
पूरी प्लानिंग के साथ दिया गया वारदात को अंजाम
जांच में सामने आया कि बदमाशों ने पहले से रैकी की हुई थी और पूरी प्लानिंग के साथ इस वारदात को अंजाम दिया। जिस तरह से अकाउंटेंट को ऑफिस से निकलते ही थोड़ी ही दूर पर निशाना बनाया गया उससे ये आशंका जताई जा रही है कि जानकारी किसी अंदर के आदमी से मिली है। पुलिस अब व्यापारी के वर्तमान कर्मचारियों के साथ-साथ पुराने स्टाफ से भी पूछताछ कर रही है।

बहादुरी दिखाने के बावजूद नहीं रोक सके लुटेरे
अकाउंटेंट अशाराम कुशवाहा ने हिम्मत दिखाते हुए लुटेरों से बचने की कोशिश की और उनसे भिड़े भी लेकिन बदमाशों की संख्या ज्यादा होने और उनके पास हथियार होने की वजह से वे लूट को रोक नहीं पाए। बदमाशों ने स्कूटी में रखे कैश बैग को छीना और बड़ी फुर्ती से फरार हो गए।
पुलिस की नाकामी पर उठे सवाल
घटना की जानकारी मिलते ही एसएसपी धर्मवीर सिंह सहित तमाम आला अधिकारी मौके पर पहुंचे और तुरंत नाकाबंदी के आदेश दिए। पूरे शहर में जगह-जगह चेकिंग शुरू की गई लेकिन इसके बावजूद बदमाश पुलिस की पकड़ से बाहर निकल गए। अब पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं कि इतनी बड़ी लूट के बाद भी हाथ खाली क्यों हैं।
CCTV फुटेज से मिली अहम जानकारी
घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच में पता चला कि सभी तीनों बदमाशों ने अपने चेहरे कपड़े से ढके हुए थे और वे अलग-अलग दिशाओं से आए थे। जैसे ही अकाउंटेंट ने भागने की कोशिश की एक और बदमाश सामने आ गया और तीनों ने मिलकर कैश लूट लिया। पूरी वारदात कैमरे में कैद हो गई है और पुलिस इन्हीं फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान में जुटी है। फोरेंसिक टीम को भी सबूत इकट्ठा करने के लिए मौके पर बुलाया गया है और जांच हर एंगल से की जा रही है।


