MP News: मध्य प्रदेश के खरगोन शहर में 8 फरवरी 2026 को आयोजित ऑल इंडिया मुशायरा उस वक्त डरावनी घटना में बदल गई जब पत्रकार और शायर अबूबकर जिया पर स्टेज पर ही हमला कर दिया गया। आरोप है कि दबंग प्रवृत्ति वाले कुछ लोगों ने न सिर्फ गालियां दीं बल्कि शायर का गला दबाकर हत्या का प्रयास किया और जेब से नकदी व कीमती सामान भी लूट लिया। घटना ने पूरे शहर में सनसनी फैला दी और कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए।
सम्मान न मिलने से भड़के आरोपी
खरगोन के जम-जम मार्केट में 7 फरवरी को आयोजित ऑल इंडिया मुशायरे में देशभर के नामवर शायर शामिल हुए थे। इस कार्यक्रम में अबूबकर जिया ने अपनी शायरी प्रस्तुत की और श्रोताओं ने उनकी रचनाओं की खूब सराहना की। इसके बाद रात करीब 12:30 से 1:00 बजे के बीच अल्ताफ आजाद, आरिफ केजीएन, आसिफ प्रिंस, रईस भोपाली, मोहसिन जूली, तालिब मंसूरी सहित 25–30 लोग स्टेज पर चढ़ आए। आरोपियों ने शायर को पढ़ने से रोकते हुए कहा कि हमें सम्मान क्यों नहीं दिया गया, अब मुशायरा बंद होगी।

पत्रकार-शायर को बनाया निशाना
स्टेज पर पहुंचे आरोपियों ने अबूबकर जिया को गालियां देते हुए अपमानित किया और गला दबाकर जान से मारने की धमकी दी। उन्होंने लात-घूंसे बरसाकर मॉब लिंचिंग जैसी स्थिति बना दी। इस दौरान आरोपियों ने अबूबकर जिया की जेब में रखे 3200 रुपये नकद, प्रेस कार्ड, सम्मान में मिली पेन और हाथ घड़ी भी जबरन लूट ली। इसके साथ ही पीड़ित की दाढ़ी नोची गई और अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया गया। घटना ने न केवल शायर की जान को खतरे में डाला बल्कि कार्यक्रम की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़ा कर दिया।
जनप्रतिनिधियों और पत्रकारों ने बचाई जान
घटना के समय जिला सदर और पार्षद रियाजुद्दीन, वारिस चौबे, असलम, शकील वक्त, पति अदीब बावा, एडवोकेट शाहरुख मिर्जा और पत्रकार रईस खान ने बीच-बचाव कर अबूबकर जिया को भीड़ से सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद पीड़ित ने थाना कोतवाली खरगोन में लूट, जानलेवा हमला, गाली-गलौज और अन्य गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज कराई और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। अब पुलिस की तत्परता और निष्पक्षता पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं।


