MP News: मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों की समीक्षा के दौरान पुलिस विभाग में बड़ी कार्रवाई देखने को मिली है। वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए हो रही इस समीक्षा बैठक में अनुशासनहीनता सामने आने के बाद एसपी आदित्य मिश्रा ने सख्त कदम उठाते हुए छह पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। इस कार्रवाई के बाद पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है और यह संदेश साफ तौर पर सामने आया है कि अब लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि जनता की शिकायतों के समाधान में किसी भी तरह की ढिलाई को गंभीरता से लिया जाएगा और दोषियों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
वीडियो कॉन्फ्रेंस में सामने आई लापरवाही और अनुशासनहीनता
समीक्षा बैठक के दौरान दो एएसआई का व्यवहार सवालों के घेरे में आ गया। एएसआई राजकुमार राहंगडाले वीडियो कॉन्फ्रेंस के दौरान हंसते हुए नजर आए जबकि कटंगी थाना के कार्यवाहक एएसआई पेंढारीलाल अहाके पान चबाते दिखाई दिए। जब एसपी ने उनसे सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों के बारे में सवाल किए तो दोनों ही संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। इसे गंभीर अनुशासनहीनता और कर्तव्य में लापरवाही मानते हुए एसपी ने दोनों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। यह घटना यह दर्शाती है कि अब अधिकारियों की जवाबदेही को लेकर सख्ती और बढ़ा दी गई है।
थाना प्रभारियों पर भी गिरी कार्रवाई की गाज
इस सख्त कार्रवाई की जद में केवल एएसआई ही नहीं बल्कि तीन थाना प्रभारी भी आए हैं। कोतवाली थाना प्रभारी कामेश धुमकेती ग्रामीण थाना प्रभारी अमित अग्रवाल और रामपायली थाना प्रभारी दिलीप मौर्य को भी निलंबित कर लाइन अटैच किया गया है। सूत्रों के अनुसार इन अधिकारियों के खिलाफ लंबे समय से सीएम हेल्पलाइन के मामलों के निराकरण में देरी और क्षेत्र में बढ़ते अपराधों पर पर्याप्त कार्रवाई न करने की शिकायतें मिल रही थीं। हालांकि आधिकारिक रूप से विस्तृत कारण सामने नहीं आए हैं लेकिन यह कार्रवाई विभाग में सख्ती के संकेत के रूप में देखी जा रही है।
सख्त कार्यशैली और जीरो टॉलरेंस नीति का असर
इस कार्रवाई के तहत एक आरक्षक शैलेश को भी लाइन अटैच किया गया है जिससे कुल छह पुलिसकर्मियों पर एक साथ कार्रवाई हुई है। एसपी आदित्य मिश्रा अपनी सख्त कार्यशैली और जीरो टॉलरेंस नीति के लिए जाने जाते हैं और उन्होंने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि अनुशासनहीनता और लापरवाही के लिए कोई जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि आम जनता की शिकायतों का समय पर समाधान पुलिस की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी प्रकार की कोताही पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। इस कदम के बाद पूरे विभाग में जिम्मेदारी और अनुशासन को लेकर एक मजबूत संदेश गया है।


