MP News: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दिए गए बयान ने देश की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। खड़गे की टिप्पणी के सामने आते ही भारतीय जनता पार्टी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है और इसे बेहद आपत्तिजनक बताया है। इस मुद्दे ने सियासी माहौल को गर्म कर दिया है, जहां दोनों दल आमने-सामने नजर आ रहे हैं। खासतौर पर मध्य प्रदेश में यह बयान बड़ा राजनीतिक मुद्दा बन गया है और इसे लेकर बयानबाजी तेज हो गई है।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने जताई कड़ी नाराजगी
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खड़गे के बयान की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर इस तरह की टिप्पणी पूरी तरह से अनुचित और दुर्भाग्यपूर्ण है। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस अध्यक्ष से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की और भविष्य में इस तरह की भाषा से बचने की सलाह दी। उन्होंने यह भी कहा कि आज देश में सकारात्मक माहौल है, लेकिन कांग्रेस लगातार ऐसे बयान देकर खुद को नुकसान पहुंचा रही है। उनके अनुसार, कांग्रेस को अपने पुराने आचरण और इतिहास पर भी नजर डालनी चाहिए।
आदरणीय प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी को कांग्रेस अध्यक्ष द्वारा ‘आतंकवादी’ कहना अत्यंत निंदनीय है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं।
कांग्रेस और डीएमके के नेता चुनावों में अपनी हार देखकर बौखला गए हैं। कांग्रेसी एक के बाद एक गलती कर रहे हैं। उन्हें अपने व्यवहार और अतीत पर गौर…
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) April 21, 2026
कांग्रेस पर पुराने मुद्दों को लेकर भी साधा निशाना
डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि पार्टी ने अपने शासनकाल में कई ऐसे फैसले लिए, जिनकी आज तक माफी नहीं मांगी गई। उन्होंने मीसा बंदी के दौरान विपक्ष के साथ किए गए व्यवहार का जिक्र करते हुए कहा कि कांग्रेस ने लोकतंत्र के मूल्यों को कमजोर किया। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने अलगाववादी तत्वों को भी बढ़ावा दिया और देशहित के खिलाफ काम किया। उन्होंने कहा कि ऐसे में आज कांग्रेस का दूसरों पर आरोप लगाना पूरी तरह से विरोधाभासी है।
चुनावी माहौल में बढ़ी सियासी बयानबाजी
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि आगामी चुनावों को देखते हुए कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों में घबराहट साफ दिखाई दे रही है। उन्होंने डीएमके और कांग्रेस पर आरोप लगाया कि हार की आशंका से वे बौखलाहट में इस तरह के बयान दे रहे हैं। इस पूरे विवाद ने एक बार फिर राजनीतिक दलों के बीच तीखी बयानबाजी को हवा दे दी है। अब देखना यह होगा कि कांग्रेस इस पर क्या प्रतिक्रिया देती है और क्या खड़गे अपने बयान को लेकर कोई सफाई या माफी देते हैं। फिलहाल यह मुद्दा देश की राजनीति में चर्चा का केंद्र बना हुआ है।


