MP News: मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के बमनाला गांव में उस समय हड़कंप मच गया जब एक मकान में चल रही ‘प्रार्थना सभा’ के दौरान कथित मतांतरण का मामला सामने आया। बुधवार दोपहर अचानक यह घटना तब चर्चा में आई जब एक युवक ने अंदर जाकर गतिविधियों को देखा और बाहर आकर लोगों को इसकी जानकारी दी। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए और विरोध शुरू हो गया। इस घटना ने पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना दिया और पुलिस को तुरंत मौके पर पहुंचकर स्थिति संभालनी पड़ी।
लालच और बीमारी ठीक करने के नाम पर धर्म बदलवाने का आरोप
शिकायतकर्ता बबलू दांगोड़े ने पुलिस को बताया कि उसे सभा में बैठाकर बाइबिल थमा दी गई और ‘चंगा’ करने का लालच दिया गया। आरोप है कि वहां मौजूद लोगों ने कहा कि उनकी बीमारियां दूर हो जाएंगी और उन्हें पारंपरिक पूजा पद्धति छोड़ने के लिए प्रेरित किया गया। इतना ही नहीं उसे यह भी कहा गया कि उसका धर्म परिवर्तन हो चुका है। इन आरोपों के सामने आने के बाद गांव में आक्रोश बढ़ गया और लोगों ने इसे धार्मिक भावनाओं से जुड़ा गंभीर मामला बताया। पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है।
डिजिटल माध्यम से प्रचार और ग्रामीणों को प्रभावित करने की कोशिश
जांच में सामने आया कि जिस कमरे में यह सभा चल रही थी वहां करीब 20 ग्रामीण मौजूद थे। प्रोजेक्टर और लैपटॉप के जरिए धार्मिक सामग्री दिखाई जा रही थी ताकि लोगों को प्रभावित किया जा सके। कमरे को सजाकर एक विशेष माहौल तैयार किया गया था जिससे लोगों को आकर्षित किया जा सके। पुलिस को मौके से कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और धार्मिक साहित्य भी मिला है। इस तरह के आधुनिक साधनों के इस्तेमाल ने मामले को और गंभीर बना दिया है क्योंकि यह संगठित तरीके से लोगों को प्रभावित करने की कोशिश की ओर इशारा करता है।
चार आरोपित गिरफ्तार, पुलिस ने की सख्त कार्रवाई
इस मामले में पुलिस ने चार आरोपितों के खिलाफ मध्यप्रदेश धार्मिक स्वतंत्रता अधिनियम के तहत केस दर्ज किया है। इनमें बमनाला निवासी राजू बड़ोले और झाबुआ जिले के तीन अन्य लोग शामिल हैं। पुलिस ने मौके से 13 बाइबिल 8 मिशनरी साहित्य एक लैपटॉप प्रोजेक्टर साउंड सिस्टम और अन्य सामग्री जब्त की है। थाना प्रभारी राजेंद्र अवासिया के अनुसार सभी आरोपितों को अदालत में पेश किया गया जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई के बाद प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और कानून के अनुसार सख्त कदम उठाए जाएंगे।


