MP Weather: मध्य प्रदेश इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है और राजधानी भोपाल का तापमान 43.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो अब तक का सबसे अधिक रिकॉर्ड बताया जा रहा है। कई जिलों में लू और तपिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है। दिन के समय सड़कों पर सन्नाटा और गर्म हवाओं का असर साफ महसूस किया जा रहा है। हालांकि राहत की उम्मीद भी अब नजर आने लगी है क्योंकि मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में बदलाव के संकेत दिए हैं।
30 जिलों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी
भारतीय मौसम विभाग ने मध्य प्रदेश के लगभग 30 से अधिक जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, रीवा, सागर और चंबल संभाग के कई जिलों में मौसम में अचानक बदलाव देखने को मिल सकता है। कुछ स्थानों पर तेज आंधी और बिजली गिरने की भी आशंका जताई गई है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले 24 से 72 घंटों के भीतर कई इलाकों में बारिश शुरू हो सकती है, जिससे गर्मी से बड़ी राहत मिलेगी।
लू से राहत के संकेत, कई क्षेत्रों में तापमान में गिरावट
मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल के अनुसार, इस बार लू को लेकर कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है, जो राहत की बात है। खजुराहो जैसे अत्यधिक गर्म क्षेत्रों में भी तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि पश्चिमी विक्षोभ और चक्रवाती परिसंचरण के कारण मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहा है। अगले 3 से 4 दिनों में तापमान में और गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है।
पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में गर्मी बरकरार रहने की आशंका
हालांकि प्रदेश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में बारिश और आंधी का असर देखने को मिलेगा, लेकिन पश्चिमी और दक्षिणी मध्य प्रदेश में गर्मी का असर अभी भी जारी रहेगा। इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम जैसे क्षेत्रों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना रह सकता है। मौसम विभाग का कहना है कि एक चक्रवाती परिसंचरण और ट्रफ रेखा के कारण मौसम में यह असमान बदलाव देखने को मिल रहा है। आने वाले दिनों में पूरे प्रदेश में मौसम की स्थिति और स्पष्ट होगी।


