Ahmedabad Plane Crash: 12 जून को गुजरात के अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया विमान हादसे ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। दोपहर करीब एक बजे हुए इस भीषण हादसे में 242 में से केवल एक व्यक्ति की जान बच सकी जबकि बाकी सभी यात्रियों की मौत हो गई। यह हादसा इतना गंभीर था कि देशभर में कई छोटे और बड़े कार्यक्रमों को रद्द कर दिया गया। लोग शोक में डूबे हुए थे और सोशल मीडिया पर भी दुख की लहर दौड़ गई थी।
पार्टी का वीडियो बना नाराज़गी की वजह
ऐसे संवेदनशील समय में जब लोग गहरे दुख में थे एक वीडियो सामने आया जिसने लोगों को और भी ज़्यादा आहत किया। वायरल वीडियो में एयर इंडिया की ग्राउंड हैंडलिंग सेवा देने वाली कंपनी AISATS के चार वरिष्ठ कर्मचारी अपने कार्यालय में डांस करते और पार्टी मनाते हुए दिखे। लोगों को यह बेहद असंवेदनशील और शर्मनाक लगा। सोशल मीडिया पर गुस्सा फूट पड़ा और इन कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की गई।
It has only been a few days since the tragic Ahmedabad plane crash.
Many families have not yet been able to see their loved ones for the last time; several bodies have still not been handed over.
Grief hangs heavy in households, funeral pyres are yet to cool. And at such a… pic.twitter.com/rrlekBNAeD
— Squint Neon (@TheSquind) June 22, 2025
लोगों की तीखी प्रतिक्रियाओं के बाद AISATS कंपनी की तरफ से सफाई आई। कंपनी ने कहा कि यह व्यवहार बेहद अस्वीकार्य है और हमने जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। साथ ही अन्य कर्मचारियों को भी सख्त चेतावनी दी गई है। AISATS ने कहा कि वह पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करती है। कंपनी ने अपनी जिम्मेदारी और पेशेवर प्रतिबद्धता को दोहराया।
क्या है AISATS और क्यों हो रही है आलोचना
AISATS दरअसल एयर इंडिया और सिंगापुर की कंपनी SATS लिमिटेड का संयुक्त उपक्रम है। यह भारत के कई हवाई अड्डों पर ग्राउंड हैंडलिंग और कार्गो सेवाएं देती है। भले ही यह एक संयुक्त कंपनी हो लेकिन इसका नाम एयर इंडिया से जुड़ा होने के कारण जनता का गुस्सा और भी तेज हो गया। हादसे के कुछ ही दिनों बाद ऑफिस में पार्टी करना न सिर्फ असंवेदनशीलता दिखाता है बल्कि यह पेशेवर मूल्यों की भी अवहेलना है।
जब देश एक बड़े विमान हादसे के दुख में डूबा हो और सैकड़ों परिवारों ने अपनों को खो दिया हो तब उस संस्था के कर्मचारियों का ऐसा व्यवहार निश्चित रूप से गलत है। जनता ने सिर्फ माफी नहीं बल्कि जवाबदेही की मांग की और कंपनी को कड़ा कदम उठाना पड़ा। यह घटना इस बात की याद दिलाती है कि किसी भी संस्था से जुड़ा हर कर्मचारी उसकी छवि का प्रतिनिधि होता है। ऐसे समय में संवेदनशीलता और ज़िम्मेदारी सबसे जरूरी होती है।


