भोपाल में इन रूट्स पर पहले दौड़ेगी मेट्रो, रोजाना सफर करेंगे 2 लाख लोग

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By Desk Input Published On: February 6, 2025

Metro will run first on these routes in Bhopal, 2 lakh people will travel daily
बता दें कि भोपाल मेट्रो के पहले चरण में 7 किलोमीटर लंबा रूट सुभाष नगर से एम्स तक खोला जाएगा, जिसमें कुल 8 स्टेशन होंगे। यह रूट एलिवेटेड कॉरिडोर के रूप में विकसित हो रहा है। इसमें रानी कमलापति रेलवे स्टेशन (आरकेएमपी) पर स्काईवॉक बनेगा। 700 मीटर का स्काईवॉक का एक सिरा मेट्रो स्टेशन के कॉनकोर्स और दूसरा सिरा रेलवे स्टेशन के कॉनकोर्स से जुड़ा होगा।

इससे रेलवे स्टेशन के यात्री सीधे मेट्रो स्टेशन पर पहुंच जाएंगे। मेट्रो का ऑरेंज लाइन का रूट करोंद और एम्स वहीं दूसरा ब्लू लाइन का रूट भदभदा से रत्नागिरी को जोड़ेगा। इन दोनों रेलवे स्टेशन पर 30 स्टेशन बनाए जाएंगे। पहले रूट पर 16 स्टेशन और दूसरे रूट पर 14 स्टेशन बनाए जा रहे हैं।

मेट्रो परियोजना की लागत और यात्रियों की संख्या
भोपाल मेट्रो परियोजना पर लगभग सात हजार करोड़ रुपये का खर्च आएगा। प्रतिदिन 2.2 लाख यात्रियों के मेट्रो के इस्तेमाल करने का अनुमान है। पहले चरण में ऑरेंज लाइन 16.74 किमी और दूसरी ब्लू लाइन भदभदा तिराहा से रत्नागिरी चौराह तक 14.21 किमी की बनाई जा रही है।

दोनों रूट के लिए कॉमन डिपो
ऑरेंज लाइन और ब्लू लाइन दोनों की मेट्रो के लिए कॉमन डिपो सुभाष नगर होगा। ऑरेंज लाइन पर 14 ट्रेन सेट और ब्लू लाइन पर 13 ट्रेन सेट रहेंगे। शुरुआत में तीन कार ट्रेन सेट के साथ संचालन होगा, जिसको बाद में छह कार ट्रेन सेट के साथ बढ़ाया जाएगा।

मेट्रो में यह सुविधाएं रहेगी
सार्वजनिक परिवहन के लिए समर्पित कॉरिडोर, विशेष रूप से विकलांग व्यक्तियों की सुविधा के लिए, रोलिग स्टॉक, सिग्नलिंग एवं टेलीकॉम के लिए अत्याधुनिक तकनीक, शुरुआत में ट्रेनों को ऑटोमेटिक ट्रेन प्रोटेक्शन (एटीपी) मोड पर चलाया जाएगा, जिसे भविष्य में ड्राइवरलेस ट्रेन मोड में बढ़ाया जाएगा। मल्टी मॉडल इंटीग्रेशन एवं लास्ट माइल कनेक्टिविटी, बिजली की खपत को कम करने के लिए स्टेशन और डिपो पर सौर ऊर्जा उत्पाद रहेंगे।

भोपाल मेट्रो स्टेशन पर्यावरण-फ्रेंडली सुविधाओं से लैस होंगे, जिनमें सौर ऊर्जा, 100 प्रतिशत एलईडी लाइटिंग, पानी और बिजली की बचत, वेस्ट वॉटर ट्रीटमेंट, प्लास्टिक फ्री अभियान, और दिव्यांगजन मित्रवत सुविधाएं शामिल होंगी। इसके अलावा, प्रत्येक स्टेशन पर एटीएम, फूड कोर्ट, पब्लिक ट्रांसपोर्ट की बसें, ई-रिक्शा, पब्लिक बाइक शेयरिंग जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

जनता को यह मिलेगा लाभ
शहरवासियों को एक सुरक्षित, आरामदायक और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव मिलेगा। साथ ही ट्रैफिक का दबाव कम होगा, स्वच्छ वातावरण, किफायती, सुरक्षित और आरामदायक परिवहन, ध्वनि प्रदूषण सहित यातायात, ट्रैफिक जाम से निजात, कार्बन उत्सर्जन एवं वायु प्रदूषण में कमी आएगी। सुगम यात्रा और समय की बचत होगी।

समीक्षा में जल्द काम करने के निर्देश
भोपाल मेट्रो के निर्माण कार्य की प्रगति को गति देने के उद्देश्य से प्रबंध संचालक एस. कृष्ण चैतन्य द्वारा हर सप्ताह निरीक्षण एवं समीक्षा बैठक की जा रही हैl बुधवार को भी इसकी समीक्षा की गई। निरीक्षण की शुरुआत एम्स स्टेशन से की गई जिसमे आंतरिक एवं बाहरी कार्यों की समीक्षा की एवं कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। अलकापुरी स्टेशन एवं डी.आर.एम ऑफिस स्टेशन के एंट्री-एक्सिट के कार्यों जल्द से जल्द पूर्ण करने का कहाl ताकि तय समय मेट्रो का संचालन शीघ्र और सुरक्षित रूप से शुरू किया जा सके।