देश में बढ़ते साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए दूरसंचार विभाग यानी DoT ने बहुत ही सख्त कदम उठाया है। DoT ने अब तक 4.2 करोड़ से ज्यादा सिम कार्ड्स को ब्लॉक कर दिया है। इसके साथ ही 19 लाख से ज्यादा WhatsApp अकाउंट्स को भी बंद कर दिया गया है। यह कार्रवाई इसलिए की गई है ताकि फर्जी कॉल्स, धोखाधड़ी और डिजिटल गिरफ्तारी जैसे मामलों पर रोक लगाई जा सके। सरकार पहले ही सख्त नियम बना चुकी है ताकि सिम कार्ड बेचने वालों की जवाबदेही तय हो और साइबर फ्रॉड को रोका जा सके।
DoT ने अपने आधिकारिक X (पूर्व ट्विटर) हैंडल से जानकारी साझा करते हुए बताया कि उन्होंने 4.5 लाख से अधिक मोबाइल हैंडसेट्स को भी ब्लॉक किया है। इतना ही नहीं बल्कि 74 हजार से अधिक ऐसे डीलर्स को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है जो बड़ी संख्या में सिम बेचने में शामिल थे और जिनके कारण फ्रॉड के केस बढ़ रहे थे। विभाग का कहना है कि जिन मोबाइल कनेक्शनों का गलत तरीके से इस्तेमाल हो रहा था उन्हें बंद कर दिया गया है। इस सख्ती का असर यह होगा कि अब कोई भी व्यक्ति आसानी से फर्जी सिम लेकर किसी को धोखा नहीं दे पाएगा।
Major actions taken by DoT to crack down on telecom misuse 👇🏻 pic.twitter.com/ehwoLY1IUS
— DoT India (@DoT_India) June 29, 2025
20 लाख खोए हुए मोबाइल किए ट्रेस
DoT ने यह भी बताया कि देशभर में अब तक 20 लाख से ज्यादा खोए हुए या चोरी हुए मोबाइल फोन को सफलतापूर्वक ट्रेस किया जा चुका है। इसमें ‘Sanchar Saathi’ पोर्टल और मोबाइल ऐप का अहम योगदान रहा है। इस पोर्टल के जरिए यूज़र्स न केवल अपने चोरी या खोए हुए मोबाइल की रिपोर्ट कर सकते हैं बल्कि यह भी देख सकते हैं कि उनके नाम पर कितने सिम कार्ड एक्टिव हैं। इस सुविधा से लोगों को यह जानकारी मिलती है कि कहीं उनके नाम पर किसी ने फर्जी तरीके से सिम कार्ड तो नहीं निकलवा लिया।
कैसे करें Sanchar Saathi का इस्तेमाल
अगर आपको कोई फर्जी कॉल या धोखाधड़ी वाला मैसेज आता है तो आप तुरंत Sanchar Saathi पोर्टल (https://sancharsaathi.gov.in/) पर जाकर उसकी शिकायत कर सकते हैं। आप चाहे तो इसका ऐप भी डाउनलोड कर सकते हैं। पोर्टल पर ‘Report a Fake Call/SMS’, ‘Lost or Stolen Mobile’ जैसी कई सुविधाएं दी गई हैं। यहां आप सिर्फ अपना मोबाइल नंबर, ईमेल और जरूरी जानकारी भरकर शिकायत दर्ज कर सकते हैं। इस कदम से आम जनता को सुरक्षा का नया हथियार मिला है और अब साइबर अपराधियों के लिए भारत में ठगना आसान नहीं होगा।


