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पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने खरगोन में ईद को लेकर कही ये बड़ी बात

भोपाल। कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव दिग्विजय सिंह ने कहा, खरगोन में दंगे के बाद अब तक कर्फ्यू लगा है। शासन-प्रशासन की अकर्मण्यता व असफलता है । दो हफ्ते के बाद भी वहां कर्फ्यू लगा हुआ है। लोगों में प्रेम सद्भाव का माहौल होना चाहिए, उसे सुधार नहीं पा रहे हैं। उन्होंने तल्ख लहजे में कहा कि कोई भी हो हिन्दू या मुसलमान जिसने माहौल बिगाड़ा, जिसने पत्थर फेंके, जिसने गोली चलाई, आग लगाई, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होना चाहिए।

 

दिग्विजय सिंह ने कहा, मैं मुख्यमंत्री था तब बाबरी मस्जिद ढहाने के बाद जो बिगड़ा हुआ माहौल था, उसे हमें सुधारना था। मेरे 10 साल के कार्यकाल में कहीं भी किसी प्रकार का दंगा नहीं हुआ। घटनाएं हुईं, जिसे हम लोगों ने कंट्रोल किया, लेकिन कर्फ्यू नहीं लगा। दिग्विजय सिंह मंगलवार को इंदौर के सदर बाजार स्थित ईदगाह पहुंचे। उन्होंने बग्घी से उतरते ही शहर काजी इशरत अली से गले मिलकर उन्हें ईद की मुबारकबाद दी। दिग्विजयसिंह ने शहर काजी के सिर पर सफेद गमछा बांधा। शहर काजी का बग्घी से उतरने के बाद उन्होंने अपने मोबाइल से वीडियो भी बनाया।

 

 

दिग्विजय सिंह ने कहा, क्या कारण है कि रामनवमी पर एक तरफ सुबह जुलूस निकला जिसमें मुसलमानों ने भी सभी को पानी-शरबत पिलाया। सब शांति पूर्ण निपट गया। फिर दूसरा जुलूस ढाई बजे निकालने की आवश्यकता क्या थी, जिसने कि सारे नियम तोड़ दिए। एडिशनल एसपी के रोकने के बावजूद भी बैरियर जबर्दस्ती हटाकर वे मस्जिद के पास गए। इन सब की न्यायिक जांच होनी चाहिए, खुली जांच होनी चाहिए कि कौन इसके लिए जवाबदार हैं।

 

 

लाउडस्पीकर की राजनीति को लेकर कहा कि, यह सब बेकार है। लोगों का ध्यान बांटा जा रहा है। महंगाई से लोगों का बजट बिगड़ गया है। बेरोजगारी बढ़ती जा रही है। रोज भाव बढ़ते जा रहे हैं। लोगों का ध्यान असफलता से भटकाने के लिए ये सब हो रहा है। भाजपा के बड़े नेता दिल्ली में तलब किए जा रहे हैं, इस पर कहा मुझे पता नहीं। प्रशांत किशोर द्वारा नई पार्टी बनाने के मामले में कहा कि स्वागत है। ईद के त्यौहार में रमे दिग्विजय सिंह ने न केवल सफेद साफा बांधा, बल्कि जब शहर काजी बग्घी में ईदगाह तक आए तो उनका वीडियो भी बनाया। इस मौके पर उन्होंने गरीब तबके के लोगों को रुपए दिए। इउन्होंने इंदौर के सलवाडिया परिवार की प्रशंसा की कि वे ईद हो या दशहरा, हमेशा भाई चारे का संदेश देते हैं।

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