MP News: मध्यप्रदेश के हर्दा जिले में उस वक्त माहौल गरमा गया जब करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने पुलिस थाना सिटी कोतवाली के बाहर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन एक धोखाधड़ी के मामले में पुलिस पर आरोपित को बचाने के आरोप लगाकर किया गया था। करणी सेना के जिला अध्यक्ष सुनील राजपूत के नेतृत्व में प्रदर्शन किया गया और पुलिस पर आरोप लगाया गया कि उसने आरोपी से पैसे लेकर उसे संरक्षण दिया है।
पुलिस की सख्ती और लाठीचार्ज
जैसे-जैसे विरोध प्रदर्शन तेज हुआ, पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए लाठीचार्ज कर दिया। इस दौरान कई कार्यकर्ता घायल हो गए। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए करणी सेना के पांच कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया जिनमें जिला अध्यक्ष सुनील राजपूत भी शामिल हैं। इस लाठीचार्ज और गिरफ्तारी के बाद माहौल और तनावपूर्ण हो गया।

धोखाधड़ी का मामला और करणी सेना की नाराजगी
मामला दरअसल एक हीरा खरीदने को लेकर हुआ जिसमें एक राजपूत समाज के व्यक्ति ने 22 लाख रुपये में हीरा खरीदा था। लेकिन बाद में हीरा नकली निकला और इसके बाद उसने इंदौर के व्यापारी के खिलाफ दिसंबर 2024 में धोखाधड़ी (धारा 420) का केस दर्ज कराया। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया था। करणी सेना का आरोप है कि पुलिस इस मामले में पक्षपात कर रही है और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई।
गिरफ्तारी के विरोध में हाईवे पर जाम
जिला अध्यक्ष सहित अन्य कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के विरोध में करणी सेना के कार्यकर्ताओं ने खंडवा बायपास पर जाम लगा दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की और दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की। इस प्रदर्शन से यातायात पर भी असर पड़ा और इलाके में तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।
स्थिति अभी भी तनावपूर्ण
फिलहाल सिटी कोतवाली क्षेत्र में तनाव बना हुआ है और प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है। करणी सेना ने चेतावनी दी है कि अगर दोषियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा। पूरे घटनाक्रम पर राजनीतिक हलकों में भी चर्चा हो रही है और प्रशासन के रवैये पर सवाल उठाए जा रहे हैं।


