MP News: इंदौर में एक बार फिर हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है। शहर के सीवरेज सिस्टम की सफाई करते समय दो सफाईकर्मियों की मौत हो गई। नगर निगम के अनुसार ये कर्मचारी एक सीवर चैम्बर की सफाई कर रहे थे, तभी जहरीली गैस के कारण उनका दम घुट गया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और आसपास के लोग डर के मारे वहां जमा हो गए।
सीएम मोहन यादव ने किया मुआवजे का ऐलान
इंदौर नगर निगम द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि मुख्यमंत्री मोहन यादव ने मृत कर्मचारियों के परिजनों को 30-30 लाख रुपये की सहायता राशि देने का आदेश दिया है। नगर निगम के अनुसार दोनों सफाईकर्मी एक सैप्टिक टैंक को खाली करने के बाद नगर निगम की गाड़ी का पानी सीवर लाइन के चैम्बर में डाल रहे थे। इसी दौरान हादसा हुआ और दोनों कर्मी जहरीली गैस के प्रभाव में आकर बेहोश हो गए।

पुलिस ने घटना का विवरण दिया
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त सुमित केरकेट्टा ने बताया कि यह हादसा देवी अहिल्याबाई होलकर फल-सब्जी मंडी के सामने हुआ। चैम्बर की सफाई के दौरान ‘सीवर सक्शन मशीन’ का पाइप टूटकर गिर गया। एक सफाईकर्मी उस पाइप के हिस्से को निकालने के लिए चैम्बर में उतरा और जहरीली गैस के प्रभाव में आकर बेहोश हो गया। उसे बचाने के लिए दूसरा कर्मचारी भी अंदर गया और वह भी बेहोश हो गया। दम घुटने से दोनों की मौत हो गई।
सुरक्षा मानकों की अनदेखी और आपात प्रतिक्रिया
प्रत्यक्षदर्शी अमित रजक ने बताया कि दोनों कर्मचारियों ने सुरक्षा उपकरणों का इस्तेमाल नहीं किया था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि घटना के दो घंटे बाद भी पुलिस, नगर निगम कर्मचारी और एम्बुलेंस मौके पर नहीं पहुंचे। आम लोगों ने ही दोनों कर्मचारियों को बाहर निकालने और बचाने की कोशिश की। मृतकों की पहचान करण यादव और अजय डोडी के रूप में हुई। शवों को एसडीआरएफ की मदद से बाहर निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेजा गया।


