kerala high court ने पूछा- क्या भारत माता धार्मिक प्रतीक हैं? तस्वीर से बिगड़ी कानून व्यवस्था पर सवाल

Author Picture
By Sharma Published On: July 5, 2025
kerala high court ने पूछा- क्या भारत माता धार्मिक प्रतीक हैं? तस्वीर से बिगड़ी कानून व्यवस्था पर सवाल

kerala high court : 2 जुलाई को केरल यूनिवर्सिटी में आयोजित एक सांस्कृतिक कार्यक्रम में भारत माता की तस्वीर दिखाई गई जिसमें वह भगवा झंडा लिए हुए थीं। यह दृश्य राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान को आपत्तिजनक लगा जो उस समय कार्यक्रम में मौजूद थे। उन्होंने इसे बिना अनुमति आयोजित कार्यक्रम करार दिया और कुलपति से रिपोर्ट मांगी। जांच के बाद रजिस्ट्रार को निलंबित कर दिया गया।

रजिस्ट्रार ने अपने निलंबन को केरल हाईकोर्ट में चुनौती दी। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने पूछा कि भारत माता को धार्मिक प्रतीक कैसे माना जा सकता है और क्या एक तस्वीर से राज्य में कानून व्यवस्था की स्थिति बिगड़ सकती है। अदालत ने यह भी पूछा कि उस तस्वीर में आखिर ऐसा क्या भड़काऊ था जिससे विवाद खड़ा हुआ।

kerala high court ने पूछा- क्या भारत माता धार्मिक प्रतीक हैं? तस्वीर से बिगड़ी कानून व्यवस्था पर सवाल

गवर्नर की अनुमति क्यों नहीं ली गई?

कोर्ट ने यह भी सवाल उठाया कि जब राज्यपाल स्वयं कार्यक्रम में मौजूद थे और वे विश्वविद्यालय के चांसलर भी हैं तो कार्यक्रम बिना उनकी अनुमति के क्यों आयोजित और रद्द किया गया। कोर्ट ने रजिस्ट्रार से यह स्पष्ट करने को कहा कि क्या राज्यपाल के कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने से पहले ही कार्यक्रम रद्द किया गया था।

 रजिस्ट्रार की दलील और राजनीतिक टकराव

रजिस्ट्रार ने कोर्ट में दावा किया कि राज्यपाल के पहुंचने से पहले ही नोटिस जारी कर दिया गया था और उसके पास इसका सबूत भी है। याचिकाकर्ता ने बताया कि तस्वीर को लेकर CPI(M) से जुड़े SFI और भाजपा समर्थक ABVP के छात्रों के बीच झड़प हुई थी। इस तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए कार्यक्रम को रद्द करना पड़ा।

हाईकोर्ट ने रजिस्ट्रार की अंतरिम याचिका को खारिज करते हुए पुलिस से इस मामले पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। अदालत ने विश्वविद्यालय प्रशासन से भी पूछा है कि क्या निलंबन का आधार पर्याप्त था। इस मामले की अगली सुनवाई 7 जुलाई को होगी। यह मामला न सिर्फ शिक्षा क्षेत्र बल्कि राजनीतिक गलियारों में भी चर्चा का विषय बन गया है।