रीवा के गांधी स्मारक अस्पताल में प्रसव के दौरान एक गर्भवती महिला और उसके बच्चे की दुखद मौत हो गई है। मरने से पहले महिला का लेबर रूम से बाहर आकर खुद को बचाने की गुहार लगाना अब अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।
लापरवाही पर बड़ी कार्रवाई
परिजनों द्वारा दुर्व्यवहार और इलाज में लापरवाही के आरोप लगाने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने सख्त रुख अपनाया है। स्त्री रोग विभाग की डॉ. सोनल अग्रवाल और निश्चेतना विभाग की डॉ. निधि पाण्डेय को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है, साथ ही दो नर्सिंग ऑफिसरों पर भी कार्रवाई की गई है।
जांच के लिए बनी कमेटी
अस्पताल प्रशासन ने महिला की स्थिति को गंभीर बताया है, लेकिन आरोपों की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ डॉक्टरों की एक जांच कमेटी गठित की गई है। यह कमेटी मेडिकल रिकॉर्ड और घटनाक्रम की विस्तृत जांच कर रिपोर्ट सौंपेगी, जिसके बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो पाएगा।