क्रिकेट में तिहरा शतक लगाना किसी भी खिलाड़ी के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जाती है, लेकिन भारतीय बल्लेबाज करुण नायर के लिए यह पारी उनके करियर का टर्निंग पॉइंट साबित हुई। इंग्लैंड के खिलाफ शानदार प्रदर्शन के बाद नायर भारतीय टीम से बाहर हो गए और फिर कभी अपनी जगह पक्की नहीं कर सके।
शानदार शुरुआत और अचानक आया ठहराव
करुण नायर ने इंग्लैंड के खिलाफ नाबाद 303 रनों की जादुई पारी खेलकर सबको हैरान कर दिया था। हालांकि, इस ऐतिहासिक प्रदर्शन के बाद उनका फॉर्म लगातार गिरता गया और चयनकर्ताओं ने उन्हें टीम से बाहर का रास्ता दिखा दिया, जिससे उनका अंतरराष्ट्रीय करियर समय से पहले ही थम गया।
करियर पर लगा ग्रहण
तिहरा शतक जड़ने के बावजूद नायर को टीम में टिके रहने के मौके बहुत कम मिले। एक शानदार पारी के बाद अचानक मिले खराब दौर ने उनके करियर की लय को पूरी तरह से बिगाड़ दिया, जिससे वे भारतीय क्रिकेट में एक भूली-बिसरी कहानी बनकर रह गए।