MP में बढ़ी कड़ाके ठंड,कई जिलों में शीतलहर का येलो अलर्ट

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By Sharma Published On: December 31, 2021

भोपाल। पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़कर आगे बढ़ने से बादल छंटने लगे हैं। मौसम साफ होने लगा है। साथ ही हवा का रुख भी उत्तरी बना हुआ है। उत्‍तर से आ रही सर्द हवाओं के चलते पूरे मध्य प्रदेश में रात का तापमान लगातार कम होने लगा है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक शुक्रवार-शनिवार को प्रदेश के कई जिलों में शीतलहर चलने की संभावना है। अगले दो दिन में रात के तापमान में दो से चार डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। शुक्रवार से शीतलहर चलने के साथ ही नए वर्ष का आगाज कड़ाके की ठंड में होने के आसार हैं। उधर गुरुवार को मध्यप्रदेश में सबसे कम सात डिग्री सेल्सियस तापमान गुना, ग्वालियर, सिवनी, रायसेन, धार में दर्ज किया गया। सागर, धार, उज्जैन, में तीव्र शीतल दिन रहा। टीकमगढ़, भोपाल, मंडला, सिवनी, बैतूल, गुना, खंडवा, खरगोन, रायसेन, राजगढ़, रतलाम के अलावा छतरपुर जिले में नौगांव एवं खजुराहो में शीतल दिन रहा।

 

शुक्रवार को सागर संभाग के जिलों मे तथा धार खंडवा, खरगोन, रतलाम, शाजापुर, उज्जैन, भोपाल, रायसेन, सीहोर, बैतूल, मंडला, बालाघाट, जबलपुर, रीवा, सतना, गुना एवं सतना में शीतल दिन रहने की संभावना है। रायसेन, धार, सिवनी, ग्वालियर, दतिया, शिवपुरी, छतरपुर एवं सागर जिलों में शीतलहर चलने के आसार हैं। मौसम विज्ञान केंद्र के मौसम विज्ञानी पीके साहा ने बताया कि गुरुवार को राजधानी भोपाल का अधिकतम तापमान 19.8 डिग्री सेल्‍सियस रिकार्ड किया गया, जो सामान्य से पांच डिग्री सेल्‍सियस कम रहा। न्यूनतम तापमान 8.5 डिग्री सेल्‍सियस दर्ज किया गया। जो सामान्य से दो डिग्री सेल्‍सियस कम रहा।

 

मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्व वरिष्ठ मौसम विज्ञानी अजय शुक्ला ने बताया कि वर्तमान में बिहार और उसके आसपास हवा के ऊपरी भाग में एक चक्रवात बना हुआ है। इस सिस्टम से लेकर तेलंगाना तक एक द्रोणिका लाइन बनी हुई है। उत्तर प्रदेश पर भी हवा के ऊपरी भाग में एक चक्रवात बना हुआ है, लेकिन इन तीन वेदर सिस्टम का मप्र पर कोई असर नहीं पड़ रहा है। इस वजह से वातावरण से नमी कम होने लगी है। इस वजह से तापमान में गिरावट का सिलसिला शुरू हो गया है।