शिवराज सरकार ने किसानों के लोन को लेकर लिया बड़ा फैसला

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By Sharma Published On: March 30, 2022

भोपाल।प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों के माध्यम से खरीफ सीजन 2021 में ऋण लेने वाले किसानों को इसे चुकाने के लिए सरकार मोहलत दे सकती है। दरअसल, अभी सिर्फ 22 प्रतिशत कर्ज की वसूली हुई है। गेहूं, चना सहित अन्य उपज की बिक्री अब प्रारंभ हो गई है। इससे किसानों के पास राशि की कोई कमी नहीं रहेगी और वे ऋण चुकाने में सक्षम हो जाएंगे। इसे देखते हुए किसानों ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से कर्ज अदायगी की अंतिम तिथि बढ़ाने की मांग है। प्रदेश में प्रतिवर्ष जिला सहकारी केंद्रीय बैंक साढ़े चार हजार से ज्यादा प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को ब्याज रहित अल्पावधि कर्ज उपलब्ध कराते हैं।

 

 

खरीफ सीजन के कर्ज को 28 मार्च तक चुकाना होता है और इसके बाद पात्र किसानों को रबी सीजन के लिए कर्ज मिल जाता है। यह चक्र लगातार चलता रहता है, लेकिन जो किसान निर्धारित अवधि में ऋण नहीं चुकाते हैं, वे डिफाल्टर हो जाते हैं। सहकारिता विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अभी तक खरीफ 2021 में दिए गए ऋण में से 22 प्रतिशत की ही वसूली हुई है।

 

बैंक कर्ज वसूल करके ही किसानों को आगामी सीजन के लिए ऋण उपलब्ध कराते हैं, इसलिए वसूली बेहद जरूरी है। उधर, सरकार ने डिफाल्टर किसानों के ऊपर चढ़े ब्याज के बोझ को उतारने का निर्णय लिया है। इसे देखते हुए सरकार से मांग की गई है कि खरीफ सीजन का ऋण चुकाने की अंतिम तिथि 28 मार्च को बढ़ा दिया जाए।