मध्य प्रदेश के दमोह में शनिवार को एक अत्यंत दुखद और गंभीर स्थिति देखने को मिली। करैया गांव के निवासियों ने अंतिम संस्कार के लिए जगह न होने के विरोध में तीन शवों को सड़क पर रखकर चक्काजाम कर दिया। यह प्रदर्शन प्रशासन के आश्वासन के बाद ही शांत हुआ।
श्मशान का अभाव बना मुसीबत
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कोई तय श्मशान घाट नहीं है। पहले लोग रेलवे की जमीन का उपयोग करते थे, लेकिन तीसरी लाइन के निर्माण कार्य के चलते अब वह रास्ता भी बंद हो गया है, जिससे अंतिम संस्कार करना मुश्किल हो गया है।
प्रशासन का आश्वासन
शुक्रवार को एक ही परिवार के तीन सदस्यों की आत्महत्या के बाद यह संकट और गहरा गया। मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने ग्रामीणों को शांत कराया और श्मशान के लिए जमीन चिन्हित करने का वादा किया है, जिसके बाद ही शवों का अंतिम संस्कार हो सका।