Gwalior News: ग्वालियर में 18 करोड़ की सड़क बार-बार धंसी, सिंधिया के महल के पास का वॉटर ड्रेन प्रोजेक्ट सवालों में

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By Sharma Published On: July 2, 2025
Gwalior News: ग्वालियर में 18 करोड़ की सड़क बार-बार धंसी, सिंधिया के महल के पास का वॉटर ड्रेन प्रोजेक्ट सवालों में

Gwalior News: ग्वालियर में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के जय विलास महल के पास बनी मुख्य सड़क इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। करीब 15 दिन पहले बनी यह सड़क अब तक 9 बार धंस चुकी है। यह सड़क जय विलास महल से चेतकपुरी और माधव नगर गेट तक लगभग दो किलोमीटर लंबी है। करोड़ों की लागत से बनी इस सड़क की हालत ने लोगों को हैरान कर दिया है।

करोड़ों खर्च लेकिन सड़क की उम्र केवल 15 दिन

बताया जा रहा है कि इस सड़क पर करीब 18 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। सिर्फ जय विलास पैलेस से चेतकपुरी मार्ग पर ही 4.30 करोड़ रुपये की लागत आई है। यह सड़क जल निकासी परियोजना के तहत बनाई गई थी। पर अब जिस तरह से बारिश के पहले पानी पड़ते ही सड़क धंस रही है, उसने निर्माण की गुणवत्ता पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।

Gwalior News: ग्वालियर में 18 करोड़ की सड़क बार-बार धंसी, सिंधिया के महल के पास का वॉटर ड्रेन प्रोजेक्ट सवालों में

9 दिन में 9 बार धंसी सड़क: प्रशासन में हड़कंप

लगातार सड़क धंसने की घटनाओं के बाद कलेक्टर रुचिका चौहान ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने दो सदस्यीय तकनीकी टीम गठित की है, जो सड़क निर्माण से जुड़े हर पहलू की जांच करेगी। टीम यह पता लगाएगी कि तकनीकी स्वीकृति से लेकर निर्माण सामग्री और जिम्मेदार एजेंसी व ठेकेदार तक, कहां गड़बड़ी हुई है।

पांच दिन में देनी होगी रिपोर्ट: तय होंगे दोषी

जांच टीम को पांच दिनों के भीतर अपनी रिपोर्ट सौंपनी है। इस रिपोर्ट के जरिए यह तय किया जाएगा कि सड़क का निर्माण नियमों के अनुसार हुआ था या नहीं और अगर नहीं हुआ तो इसके लिए जिम्मेदार कौन है। इस रिपोर्ट से संबंधित एजेंसियों और ठेकेदारों की जवाबदेही तय होने की उम्मीद जताई जा रही है।

बारिश में बह गया भरोसा: सड़क में दिखे सुरंग जैसे गड्ढे

बारिश के पहले ही झोंके में जिस तरह सड़क जगह-जगह धंस गई है और उसमें गहरे गड्ढे बन गए हैं, वह बेहद चिंताजनक है। गड्ढों की गहराई और आकृति देखकर ऐसा लगता है जैसे सड़क के नीचे सुरंग बन गई हो। फिलहाल नगर निगम की ओर से गड्ढों को भरने का काम किया जा रहा है, लेकिन जब तक जांच पूरी नहीं होती, तब तक यह सड़क जनता के लिए एक असुरक्षित रास्ता बनी रहेगी।