बम बम भोले के जयकारे के बीच मनी महाशिवरात्रि, लाखों लोगों ने भोलेनाथ के किए दर्शन…

Author Picture
By Sharma Published On: March 11, 2021
mahashivratri

ग्वालियर। शहर भर में शिवरात्रि के महापर्व पर आधी रात से ही शिवालयों में भक्तों का जमावड़ा लगा हुआ है।शहर के अति प्राचीन शिवालयों में शुमार गुप्तेश्वर महादेव मंदिर ,कोटेश्वर महादेव मंदिर और अचलेश्वर महादेव मंदिर पर लाखों की संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं। जिलेभर का पुलिस फोर्स श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था में लगाया गया है। वही समाज सेवी संगठन और मंदिर व्यवस्थापकों की ओर से भी सैकड़ों की संख्या में वालंटियर श्रद्धालुओं को भगवान के दर्शन कराने के लिए मंदिर परिसर में तैनात है।

बुधवार की रात 12 बजे महाशिवरात्रि शुरू होते ही शिवालयों पर पहुंचने का भक्तों का यह सिलसिला गुरुवार रात 12 बजे तक चलता रहेगा। सबसे ज्यादा प्राचीन मंदिर यानी अचलनाथ पर महाशिवरात्रि के दिन करीब चार लाख से ज्यादा श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। अचलेश्वर महादेव मंदिर के बारे में एक प्राचीन किंवदंती है वह यह है कि अचल नाथ का शिवलिंग स्वता जमीन में से निकला था यहां पुराने समय में श्रद्धालुओं का आना जाना होता था।

वही पैलेस से सिंधिया शासकों का चल समारोह भी इसी मार्ग से होता हुआ गोरखी महाराज बाड़े पर जाता था ।जब तत्कालीन महाराजा जीवाजीराव सिंधिया में इस मंदिर को रास्ते से हटाने की कोशिश की तो उन्हें भगवान अचलनाथ में स्वप्न में आकर शिवलिंग से किसी भी तरह की छेड़छाड़ नहीं करने की चेतावनी दी थी। इसके बाद से जीवाजी राव सिंधिया ने इस प्रतिमा को यथावत रखा और उसके आसपास गर्भ ग्रह की स्थापना कराई थी। यहां के लिए तब से इस शिवलिंग को अचलनाथ के नाम से जाना जाता है