MP News: झूठ बोलकर ले गए जंगल, तीन युवकों ने किया दिल दहला देने वाला अपराध

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By Input Published On: April 28, 2026
MP News: झूठ बोलकर ले गए जंगल, तीन युवकों ने किया दिल दहला देने वाला अपराध

MP News: मध्य प्रदेश के गुना जिले के बमोरी थाना क्षेत्र के सोनखरा गांव से एक बेहद दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक नाबालिग किशोरी के साथ तीन युवकों ने कथित तौर पर सामूहिक दुष्कर्म किया। घटना के बाद आरोपियों ने गंभीर हालत में पीड़िता को शिवपुरी मेडिकल कॉलेज के बाहर लावारिस हालत में छोड़ दिया और मौके से फरार हो गए। इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पीड़िता की हालत लगातार बिगड़ती जा रही है और वह जिला अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही है।

झांसा देकर जंगल में ले जाकर दिया वारदात को अंजाम

घटना की शुरुआत 25 अप्रैल को हुई, जब पीड़िता की मां एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए घर से बाहर गई थीं। इसी दौरान गांव के ही एक युवक ने कथित तौर पर साजिश रचते हुए किशोरी को उसकी मां के पास ले जाने का बहाना बनाया। भरोसे में आकर किशोरी उसके साथ बाइक पर बैठ गई। रास्ते में उसे शक हुआ, लेकिन आरोपी ने उसे धमकाकर सुनसान इलाके की ओर ले गया। वहां पहले से मौजूद दो अन्य साथियों के साथ मिलकर आरोपियों ने बारी-बारी से इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया। घटना के बाद पीड़िता की हालत बिगड़ने लगी तो आरोपी घबरा गए और उसे अस्पताल के बाहर छोड़कर फरार हो गए।

परिजनों की गुहार और पुलिस पर लापरवाही के आरोप

पीड़िता के परिजन अपनी बेटी की तलाश में इधर-उधर भटकते रहे। शुरुआत में जब संदेह के आधार पर आरोपी से पूछताछ की गई, तो उसने कुछ भी जानकारी होने से इनकार कर दिया। बाद में सच्चाई सामने आने पर परिजन शिवपुरी पहुंचे और बेटी को घर लाकर बमोरी थाने में शिकायत दर्ज कराने पहुंचे। आरोप है कि पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करने के बजाय जांच का हवाला देकर उन्हें लौटा दिया। इस घटना से मानसिक और शारीरिक रूप से टूट चुकी किशोरी ने घर लौटकर जहरीला पदार्थ खा लिया, जिससे उसकी हालत और गंभीर हो गई।

तीन दिन बाद FIR दर्ज, आरोपियों की तलाश जारी

मामले की गंभीरता बढ़ने के बाद पुलिस ने घटना के तीसरे दिन एफआईआर दर्ज की। थाना प्रभारी के अनुसार, अस्पताल में भर्ती किशोरी के बयान महिला अधिकारी द्वारा दर्ज किए गए हैं, जिसमें उसने तीनों आरोपियों की पहचान की है। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीमें रवाना कर दी हैं और जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया है। वहीं, जिला अस्पताल में पीड़िता की हालत नाजुक बनी हुई है और डॉक्टर लगातार उसका इलाज कर रहे हैं। यह घटना न सिर्फ कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, बल्कि समाज में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर चिंता पैदा करती है।