एमपी में गुलाबी ठंडक की दस्तक, किसान चिंतित

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By Desk Input Published On: October 22, 2024

भोपाल । मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश के आखिरी दौर के बाद गुलाबी ठंड का आगमन हो गया है। मौसम का रुख बदल रहा है, और सुबह के समय घना कोहरा छा रहा है।

सुबह 6 से 9 बजे के बीच अधिकांश शहरों में कोहरे का प्रभाव देखा गया। कुछ स्थानों पर कोहरा इतना घना था कि दूर की वस्तुएं भी साफ नजर नहीं आ रही थीं, जिससे वाहन चालकों को दिन में भी लाइट जलाकर चलना पड़ा।

देवास: बाहरी क्षेत्रों में घना कोहरा
देवास मुख्यालय और आसपास के बाहरी क्षेत्रों में घने कोहरे का असर रहा। भोपाल बायपास और भोपाल रोड पर सुबह 8 बजे के आसपास घने कोहरे के चलते वाहन धीमी गति से चले। इसी दौरान शहर में धूप निकल आई थी।

इंदौर: बादल और धूप
इंदौर में सोमवार को सुबह बादल छाए रहे, लेकिन दोपहर तक धूप निकल आई। बादलों की वजह से तापमान में गिरावट आई। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, मंगलवार को बादल छाए रहेंगे और कहीं-कहीं बूंदाबांदी की संभावना है।

कालीसिंध: कोहरा और ठंडक
कालीसिंध और अन्य अंचलों में सोमवार को सुबह से घना कोहरा छाया रहा। ठंडक का असर महसूस होने लगा, जो किसानों के लिए खेती की तैयारी में सहायक होगी।

रतलाम और नीमच: मौसम की करवट
रतलाम और नीमच में मौसम ने फिर करवट ली, और कई इलाकों में घने बादल छाए रहे। कुछ स्थानों पर बारिश हुई, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। इस साल कई जिलों में भारी बारिश से खरीफ की फसलों को नुकसान हुआ है।

फसलों पर अतिवृष्टि का असर
इस बार प्रदेश के कई जिलों में अत्यधिक बारिश से जलाशय भर गए हैं, और बांधों में पानी का बहाव जारी है। रबी की फसलों के लिए पानी पर्याप्त है, लेकिन अतिवृष्टि के कारण सोयाबीन, मक्का, और मूंगफली जैसी फसलों को नुकसान हुआ है। कई क्षेत्रों में बेमौसम बारिश से सोयाबीन की फसलें डूब गई थीं, जिससे किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।

लहसुन की फसलों पर बारिश का असर
कुछ जिलों में किसानों ने ऊटी लहसुन की बुआई की है, लेकिन बारिश के चलते फसलों में बीमारी फैल रही है। इससे किसान कीटनाशक का छिड़काव कर रहे हैं।