नेपाल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए विश्व भर में प्रसिद्ध है, लेकिन हिमालय की ये चोटियां अब गंभीर खतरों से घिरी हुई हैं। वैज्ञानिकों ने इसे ‘ट्रिपल कर्स’ यानी तीनहरे अभिशाप की संज्ञा दी है, जो इस क्षेत्र के अस्तित्व के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
पिघलते ग्लेशियर और भूकंप का डर
ग्लोबल वार्मिंग के कारण नेपाल के ग्लेशियर तेजी से पिघल रहे हैं, जिससे ग्लेशियल झीलें फटने का खतरा बढ़ गया है। इसके साथ ही, टेक्टोनिक प्लेटों की हलचल के कारण यह क्षेत्र भूकंप की दृष्टि से अत्यधिक संवेदनशील बना हुआ है, जो कभी भी बड़ी तबाही का कारण बन सकता है।
भौगोलिक स्थिति और संसाधनों का अभाव
भारत और चीन के बीच घिरी नेपाल की भौगोलिक स्थिति ने इसे संसाधनों के मामले में सीमित कर दिया है। चारों ओर से जमीन से घिरे होने के कारण यहां आपदा के समय राहत और विकास कार्यों में बड़ी बाधाएं आती हैं, जिससे आम जनजीवन पर गहरा असर पड़ता है।