मध्यप्रदेश के मंडला जिले में एक गर्भवती महिला और उसके गर्भस्थ जुड़वा बच्चों की असामयिक मौत ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। समय पर एंबुलेंस न मिलने और जर्जर सड़कों के कारण समय पर अस्पताल न पहुंच पाने से यह हृदयविदारक घटना हुई।
विपक्ष का सरकार पर तीखा हमला
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इस घटना के लिए भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाली पर नाराजगी जताई है। उन्होंने सवाल किया कि जिस क्षेत्र में एंबुलेंस और पक्की सड़कें तक उपलब्ध नहीं हैं, वहां सरकार के विकास के दावे खोखले साबित हो रहे हैं।
एम्बुलेंस न मिलने से गई जान
सलैया गांव की निवासी 28 वर्षीय महिला को प्रसव पीड़ा के दौरान 108 एंबुलेंस सुविधा नहीं मिल सकी, जिसके बाद परिजन उसे निजी वाहन से अस्पताल ले गए। खराब रास्तों के कारण अस्पताल पहुंचने में हुई देरी के चलते महिला और उसके दोनों बच्चों ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।